कोटद्वार में बाबा नाम को लेकर बढ़ा तनाव,हिन्दू संगठन सड़कों पर उतरे,भारी पुलिस बल तैनात

उत्तराखंड..जनपद पौड़ी के कोटद्वार में बाबा दुकान विवाद तूल पकड़ता जा रहा है. बजरंग दल और एक विशेष समुदाय से जुड़े व्यापारी के बीच हुई बहस ने अब साम्प्रदायिक रंग ले लिया है. इसी मामले को लेकर देहरादून और दूसरे जिलों से बड़ी संख्या में बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता कोटद्वार पहुंचे. सभी ने मिलकर प्रदर्शन किया. शहर में हालात न बिगड़े इसे देखते हुए पुलिस ने मोर्चा संभाला.

बजरंग दल के गौरक्षा दल के प्रांत प्रमुख नरेश उनियाल के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता जुलूस के रूप में पटेलमार्ग पहुंचे. सभी एक दुकान के समीप एकत्रित हो गए. कार्यकर्ताओं का आरोप है कि घटना के दौरान एक बुजुर्ग के साथ भी धक्का-मुक्की और मारपीट की गई, जो अत्यंत निंदनीय है.

पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड पर, मौके पर भारी पुलिस बल तैनात

पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने का प्रयास किया गया, लेकिन बजरंग दल के कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए मालवीय उद्यान की ओर बढ़ने लगे. इसी दौरान घटनाक्रम से जुड़ा एक व्यक्ति वहां पहुंच गया. जिससे दोनों पक्षों के बीच तनाव बढ़ गया. टकराव की स्थिति बन गई. पुलिस की मुस्तैदी से दो गुटों के आमने-सामने आने से पहले ही हालात पर काबू पा लिया गया. इसके बाद बजरंग दल के कार्यकर्ता मालवीय उद्यान के समीप बीच सड़क पर बैठकर धरने पर बैठ गए. सभी ने नारेबाजी की. काफी देर तक चले हंगामे के बाद अपर पुलिस अधीक्षक चंद्रमोहन सिंह के हस्तक्षेप से प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया गया. पुलिस प्रशासन ने मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है.

मामले की असल वजह 

जिस मामले को लेकर ये पूरा विवाद पनपा है वो 26 जनवरी का है. इस दिन बजरंग दल के कुछ लोग कोटद्वार के पटेल मार्ग स्थित बाबा कलेक्शन नाम की कपड़ों की दुकान पर पहुंचे. उन्होंने दुकान के नाम पर आपत्ति जताई. उन्होंने कहा बाबा शब्द स्थानीय धार्मिक आस्था से जुड़ा है. यह क्षेत्र में स्थित सिद्धबली बाबा के नाम से मेल खाता है. उनका आरोप है कि इस नाम से लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हो सकती हैं. बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कहा दुकान संचालक जान बूझकर धार्मिक भावनाओं से जुड़े नाम का उपयोग किया है. उन्होंने दुकान का नाम बदलने की मांग की. इसी को लेकर मौके पर बहस शुरू हो गई. जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. वीडियो के वायरल होते ही मामला और अधिक गरमा गया. बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने कोटद्वार पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया. सभी ने प्रशासन से दुकान का नाम बदलवाने की मांग की.