हवाई सुरक्षा पर बड़ा खतरा,377 विमानों में पाई गईं तकनीकी खामियाँ,रिपोर्ट में हुआ चौकाने वाला खुलासा

भारत के सिविल एविएशन सेक्टर में सुरक्षा पर संसदीय समिति ने गंभीर चिंता जाहिर की है. पिछले एक साल में ऑडिट किए गए करीब 50 प्रतिशत कमर्शियल विमानों में कई तकनीकी खामियां पाई गईं. जनवरी 2025 से फरवरी 2026 के बीच जांच की गई 754 विमानों में से 377 में लगातार खराब पाए गए. सिविल एविएशन सेक्टर पर स्थायी समिति रिपोर्ट में इन खुलासों के बाद देश के एविएशन सुरक्षा व्यवसाथा में सुधार की मांग की जा रही है.

स्थायी समिति रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा

स्थायी समिति की रिपोर्ट के मुताबिक, इंडिगो के सबसे अधिक विमानों की जांच की गई. तकनीकी खामियों के मामलों में भी यह सबसे ऊपर रहे हैं. 3 फरवरी तक जांचे गए करीब 405 विमानों में से 148 में बार-बार खामियां पाई गईं.

सभी एयरलाइन का हाल बेहाल

रिपोर्ट में एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस के विमानों में भी तकनीकी दिक्कत सामने आई है. एयर इंडिया के 166 विमान में से 137 और एयर इंडिया एक्सप्रेस के 101 विमानों में से 54 में कई बार तकनीकी दिक्कतें सामने आ गई हैं. समिति ने कहा कि ऑडिट में तकनीकी खराबी का आधा हिस्सा लगभग इन दोनों एयरलाइनों से जुड़ा है. समिति ने इन खामियों पर चिंता जताते हुए चेतावनी दी कि इससे यात्रियों की सुरक्षा को गंभीर खतरा है.

डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन

रिपोर्ट में DGCA द्वारा जुलाई 2025 में एयर इंडिया का विशेष ऑडिट भी किया गया शामिल है. यह अहमदाबाद विमान हादसे के बाद किया गया था. इस ऑडिट में करीब 100 सुरक्षा खामियां सामने आई है. जिसमें 7 लेवल-1 उल्लंघन शामिल थे, जिन पर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई की जरूरत थी. समिति ने बोइंग 787 और 777 विमानों के पायलटों के प्रशिक्षण में कमी, केबिन क्रू की अनुपस्थिति और फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिट के उल्लंघन जैसे मामले भी सामने आए हैं.

शो-कॉज नोटिस हुआ जारी

रिपोर्ट के मुताबिक, सुरक्षा उल्लंघनों को लेकर DGCA ने एयरलाइनों पर कार्रवाई भी की. यर इंडिया को 9 शो-कॉज नोटिस जारी किए जा चुके हैं. वहीं 2025 के अंत तक कुल 19 नोटिस विभिन्न ऑपरेटरों को जारी किए गए हैं. जिनमें फ्लाइट ड्यूटी नियमों का उल्लंघन, क्वालिटी जांच में कमी और एक्सपायर इमरजेंसी उपकरणों के साथ विमान संचालन जैसे गंभीर मुद्दे शामिल हैं. एक गंभीर मामले में DGCA ने फरवरी 2026 में एयर इंडिया पर लगभग 1 करोड़ा का जुर्माना भी लगाया गया है. यह कार्रवाई 24-25 नवंबर 2025 कोबिना वैध एयरवर्थिनेस रिव्यू सर्टिफिकेट के एयरबस A320 विमान से उड़ानें संचालित करने पर कई गई है.