दिल्ली…अरब सागर से उठा चक्रवाती तूफान बिपरजॉय खतरनाक रूप से चुका है. कुछ ही घंटों में यह गुजरात से टकराने वाला है. इसके पहले निचले तटीय इलाकों से हजारों लोगों को निकालकर शेल्टर होम में पहुंचाया गया है. तूफान का असर गुजरात और महाराष्ट्र समेत 9 राज्यों पर पड़ने का असर है. केंद्र और राज्य सरकारें लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं.

मौसम विभाग की चेतावनी

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुमान के अनुसार, बिपरजॉय गुरुवार (15 जून) शाम को गुजरात के कच्छ, सौराष्ट्र क्षेत्र, मांडवी तट और पाकिस्तान के कराची पोर्ट से गुजरेगा. इस दौरान हवा की रफ्तार 125-135 किलोमीटर प्रति घंटा रहने को अनुमान है, जो 150 किमी तक भी जा सकती है.

आईएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्रा ने बुधवार (14 जून) को बताया था कि तूफान धीरे-धीरे कमजोर हुआ है. उन्होंने बताया कि गुरुवार को तट से टकराने के एक दिन बाद16 जून की सुबह इसकी रफ्तार गिरकर 85 किलोमीटर तक पहुंच जाएगी. तूफान 17 तारीख को राजस्थान में प्रवेश करेगा लेकिन तब तक इसकी रफ्तार बहुत कम हो जाएगी.

मौसम कार्यालय ने अधिकारियों से गिर, सोमनाथ और द्वारका जैसे लोकप्रिय स्थलों पर पर्यटकों की आवाजाही को प्रतिबंधित करने को कहा है और लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने का आग्रह किया है. तेज हवाओं से फूस के घरों के पूरी तरह से नष्ट होने, कच्चे घरों को व्यापक नुकसान और पक्के घरों को भी थोड़ा-बहुत नुकसान होने की आशंका है.