मानसून की पहली बारिश सें उत्तराखंड बेहाल, सीएम धामी नें आपदा कंट्रोल रूम में खुद संभाली कमान

उत्तराखंड में बारिश से हाल बेहाल है जबकि प्रदेश के कई हिस्सों में अभी भी बारिश लगातार जारी है पिछले एक सप्ताह से हो रही बारिश के कारण मैदान से लेकर पहाड़ों तक लोगों की मुश्किलें बड़ी हुई है. उधर लगातार हों रहीं बारिश कें कारण प्रदेश में चार धाम यात्रा के लिए आए लोगों कों भी परेशानियों सें जूझना पड़ रहा हैँ.लगातार हों रहीं बारिश के कारण कई बार चार धाम यात्रा को रोकना पड़ रहा है.उत्तराखंड कें राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण कें सचिव रणजीत सिंह का कहना है कि बारिश के कारण पूरे प्रदेश में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है जिस पर राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण नजर बनाए हुए हैं उन्होंने कहा कि प्रदेश में ग्रामीण इलाकों में स्थिति बेहद खराब है जहां पर किसी भी आपदा से निपटने के लिए हमारी सभी तैयारियां हैं.

 

राज्य में भारी बारिश सें 200 सें अधिक सड़कें हैँ बंद

उत्तराखंड में खराब मौसम की चुनौतियों के बीच चार धाम यात्रा भी चरम पर है,जिनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी सरकार कें सामने बड़ी चुनौती हैँ. पर्वतीय क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश के कारण अब तक 200 से ज्यादा सड़कें बंद है जिनमें से 80 सड़कों को खोल दिया गया है जबकि बाकी सड़कों को खोलने का भी काम जारी है. सचिव राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण रणजीत सिंह का कहना है कि चार धाम यात्रा में आने वाले यात्रियों से मौसम खराब होने के दौरान अपील की  जा रहीं हैँ कि यदि बहुत जरुरी न हों तों चार धाम यात्रा मौसम साफ होंने कें बाद ही करें.पिछले 2 दिन लगातार हुई भारी बारिश कें कारण 11 लोगों की जान चली गई.

 

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी नें अधिकारियों कों दिए निर्देश

उत्तराखंड में भारी बारिश कें अलर्ट और इससें हुए नुकसान कों देखते हुए सीएम धामी नें अधिकारियों कों आपदा प्रबंधन कें कार्यो में तेजी लानें कें निर्देश दिए हैँ. सीएम धामी नें अपने निर्देशों में साफ किया हैँ कि क़ोई भी अधिकारी यदि लापरवाही करतें हुए देखा गया तों उसके खिलाफ तत्काल कार्यवाही की जाएगी, साथ ही सभी ज़िलों में बारिश सें हुए नुकसान का आंकलन करने कें जिलाधिकारियों कों निर्देश दिए हैँ. मौसम विभाग द्वारा जारी अलर्ट पर भी सीएम पल पल की नजर रखें हुए हैँ.